123 जवानों की हत्या में शामिल थे मारे गए 5 राज्य के मोस्ट वांटेड दो नक्सली नेता, 1.80 करोड़ था ईनाम…

नारायणपुर: छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में स्थित जगदलपुर व नारायणपुर पहली बार सुरक्षाबलों ने माड़ ईलाके में हुए मुठभेड़ में एक साथ दो केन्द्रीय समिति सदस्यों को मार गिराया जिन पर नक्सल प्रभावित पांच राज्यों में 1.80 करोड़ का ईनामी घोषित था। केंद्रीय समिति के दोनों सदस्य राजू दादा और कोसा दादा पिछले तीन दशक से दंडकारण्य विशेष क्षेत्रीय समिति में सक्रिय थे। अनेक हिंसक घटनाओं के मास्टरमाइंड रहे हैं। बस्तर आईजी सुंदरराज पी व अन्य अधिकारियों ने नारायणपुर में आयोजित प्रेसवार्ता में इस बात का

खुलासा करते हुए बताया कि नक्सल-मुक्त भारत, नक्सल-मुक्त छत्तीसगढ़ और नक्सल-मुक्त अबूझमाड की दिशा में 22 सितम्बर को सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता में 1.80 के ईनामी दो सीपीआई (माओवादी) केंद्रीय समिति सदस्य राजू दादा उर्फ कट्टा रामचंद्र रेड्डी और कोसा दादा उर्फ कादरी सत्यनारायण रेड्डी को मुठभेड़ में ढेर कर दिया है। मुठभेड़ स्थल से एके 47 राइफल, इंसास राइफल, बीजीएल लॉन्चर समेत भारी मात्रा में विस्फोटक, माओवादी साहित्य एवं अन्य सामग्री बरामद किया गया है। आईजी ने कहा कि विपरीत मौसम, दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों तथा अन्य चुनौतियों के बावजूद सुरक्षा बल लगातार अभियान संचालित कर रहे हैं।

मारे गाए दोनों शीर्ष नक्सली नेताओं पर पांच राज्यों में 89 मामले दर्ज है। इन वारदातों में 123 जवानों की शहादत के अलावा कई निर्दोष ग्रामीणों की जान गई। केन्द्रीय समिति सदस्य राजू दादा उर्फ कट्टा रामचन्द्र रेड्डी कई बड़ी घटनाओं में शामिल था इनमें महराबेड़ा में सीआरपीएफ 27 जवानों की शहादत, बुकिनतोर ब्लास्ट में 4 जवान, जोनागुडेम व टेकलगुडा में 22-22 जवान के शहादत हुई थी।

वहीं केंद्रीय समिति सदस्य कोसा दादा उर्फ कादरी सत्यनारायण रेड्डी कच्चापाल जनअदालत में 6 ग्रामीणों की हत्या, गढ़चिरौली के मरकाटोला में 17 जवान, मदानवाड़ा एंबुश में तत्कालीन एसपी सहित 27 जवान और ईरपानार एंबुश में 4 जवानों की हत्या तथा सुकमा कलेक्टर के अपहरण मामले में शामिल था।

मारे गए केन्द्रीय समिति सदस्य राजू बाबा उर्फ कट्टा रामचंद्र रेड्डी के खिलाफ छत्तीसगढ़ में 16, आंध्रप्रदेश में 2, तेलंगाना में 4 व महाराष्ट्र में 5 कुल 27 मामले दर्ज है जिनमें वह मुख्य आरोपी था। वहीं केंद्रीय समिति सदस्य कोसा दादा उर्फ कादरी सत्यनारायण रेड्डी छत्तीसगढ़ में 6, महाराष्ट्र में 48, आंध्रप्रदेश में 2, तेलंगाना में 6 कुल 62 मामलो का मुख्य आरोपी था। दोनों सेण्ट्रल रिजनल व्यूरो (सीआरबी) सदस्यों पर कुल 1 करोड़ 80 लाख रूपए का इनाम घोषित था। इनमें छत्तीसगढ़ में 40 लाख, मध्यप्रदेश में 15 लाख, ओडिशा में में 25 लाख, तेलंगाना स्टेट में 25 लाख, आंध्रप्रदेश में 25 लाख व महाराष्ट्र में 50 लाख रुपए का इनाम घोषित था।

एसपी नारायणपुर रोबिनसन गुड़‌या ने बताया कि अबूझमाड़ में केंद्रीय समिति के दो शीर्ष नक्सलियों के मारे जाने से संगठन को बहुत बड़ा झटका लगा है। यह वही नेतृत्व था जो पिछले तीन दशक से नक्सलियों की हिंसक गतिविधियों को संचालित कर रहा था। इनके खात्मे से नक्सलियों की कमर टूटी है और सुरक्षाबलों का मनोबल और ऊंचा हुआ है।

हम नक्सल मुक्त बस्तर के अपने लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहे लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। अबूझमाड़ क्षेत्र में नक्सल उन्मूलन के लिए चलाए जा रहे संयुक्त अभियान में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई है। आईटीबीपी, बीएसएफ, एसटीएफ और डीआरजी की संयुक्त कार्रवाई में 2024 से अब तक कुल 127 माओवादी मारे जा चुके हैं। यह उपलब्धि सुरक्षा बलों के समन्वित प्रयासों और लगातार चल रहे सर्च एवं डोमिनेशन ऑपरेशनों का परिणाम है जिससे अबूझमाड़ क्षेत्र में नक्सलियों की गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Home
Account
Cart
Search
NewsAnalysis